हिसाब Posted on July 20, 2008December 31, 2021 by Vishwas वो कहते है – यहाँ हर मुस्कराहट की कीमत है हर हंसी का हिसाब देना है ये वो बाजार है मेरे यार जहा उसे हर चीज का मोल लेना है सब यही चूका के जाना है, कोई उधार नहीं इस वही-खाते को सँभालने वाला, किसी का भी यार नहीं तो क्या हर हंसी के पहले… Read more